MAHABHARAT BOOK IN HINDI
· Authentic MAHABHARAT BOOK IN HINDI published by ISKCON / BBT.
· Simple, clear, and easy-to-read Hindi translation.
· Complete coverage of all 18 Parvas of Mahabharata.
· Includes Bhagavad-gita divine teachings within the epic.
· Highly recommended for ISKCON devotees and spiritual seekers.
· Perfect blend of history, philosophy, and Vedic wisdom.
· Pure narration of Pandavas’ journey and Sri Krishna’s guidance.
· Officially recommended by ISKCON Mayapur for spiritual growth.
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MAHABHARAT BOOK IN HINDI – ISKCON / BBT की शुद्ध, आध्यात्मिक और सरल प्रस्तुति
महाभारत दुनिया का सबसे बड़ा महाकाव्य है, जिसमें धर्म, नीति, कर्तव्य, आध्यात्मिकता और जीवन के गहन सत्य समाहित हैं। ISKCON / BBT द्वारा प्रकाशित यह हिंदी संस्करण उन सभी पाठकों के लिए विशेष रूप से तैयार किया गया है, जो महाभारत को केवल कहानी के रूप में नहीं, बल्कि एक जीवन-दर्शन और आध्यात्मिक ज्ञान के स्रोत के रूप में पढ़ना चाहते हैं। यह पुस्तक 18 पर्वों में विभाजित है और प्रत्येक पर्व जीवन, नीति और धर्म के किसी न किसी महत्वपूर्ण पहलू को उजागर करता है। भाषा सरल, सहज और समझने योग्य है, जिससे हर आयु का पाठक इसे आसानी से पढ़ सकता है।
इस पुस्तक में आदि पर्व से लेकर स्वर्गारोहण पर्व तक की पूरी कथा क्रमबद्ध रूप से समझाई गई है। ‘आदि पर्व’ में पाण्डवों और कौरवों की वंशावली, जन्म, उनके संघर्ष और परिवार की नींव रखी जाती है। ‘सभा पर्व’ में द्रौपदी का अपमान और द्यूत-क्रीड़ा जैसे घटनाक्रमों के माध्यम से यह स्पष्ट होता है कि अधर्म किस प्रकार समाज को नष्ट कर सकता है। ‘वन पर्व’ पाठक को धैर्य, संयम और आध्यात्मिक साधना की गहराई से परिचित कराता है, जबकि ‘विराट पर्व’ अज्ञातवास की रोचक घटनाओं को सामने लाता है।
सबसे महत्वपूर्ण पर्वों में से एक भीष्म पर्व है, जिसमें श्रीकृष्ण भगवद्गीता का दिव्य उपदेश देते हैं। यह पर्व संपूर्ण महाभारत का हृदय माना जाता है, जहाँ जीवन, कर्म, धर्म, भक्ति और कर्तव्य के गहन सिद्धांतों की व्याख्या की गई है। ‘द्रोण पर्व’ और ‘कर्ण पर्व’ महायुद्ध की गंभीरता, वीरता और रणनीति को दर्शाते हैं, जबकि ‘शल्य पर्व’ युद्ध के अंतिम चरणों और मनोवैज्ञानिक पहलुओं को प्रकट करता है।
युद्ध की समाप्ति के बाद शुरू होने वाले पर्व महाभारत का आध्यात्मिक स्वरूप उजागर करते हैं। ‘सौप्तिक पर्व’ में अधर्म के परिणाम दिखाई देते हैं, जबकि ‘स्त्री पर्व’ युद्ध के बाद स्त्रियों के दुःख, करुणा और समाज पर पड़े प्रभाव को सामने लाता है। ‘शांति पर्व’ और ‘अनुशासन पर्व’ में भीष्म पितामह युधिष्ठिर को धर्म, नीतिशास्त्र, राजधर्म और समाज-शासन के सिद्धांत सिखाते हैं। ये पर्व ज्ञान, बुद्धि और नीतियों का सागर हैं, जो हर व्यक्ति के लिए जीवन-मार्गदर्शक का काम करते हैं।
अंतिम पर्वों में युधिष्ठिर द्वारा अश्वमेध यज्ञ, धृतराष्ट्र और गांधारी का वनगमन, श्रीकृष्ण का इस पृथ्वी से प्रस्थान और अंततः पाण्डवों की हिमालय की यात्रा का वर्णन है। ‘स्वर्गारोहण पर्व’ में युधिष्ठिर का शरीर सहित स्वर्गारोहण महाभारत की महान आध्यात्मिक परंपरा का सुंदर समापन प्रस्तुत करता है।
MAHABHARAT BOOK IN HINDI पुस्तक की मुख्य विशेषताएँ
· ISKCON / BBT द्वारा प्रमाणित आध्यात्मिक प्रस्तुति
· सरल, शुद्ध और आसानी से समझ आने वाली हिंदी भाषा
· आदि पर्व से स्वर्गारोहण पर्व तक सम्पूर्ण 18 पर्व शामिल
· कथा, दर्शन, नीति और आध्यात्मिक मार्गदर्शन का संतुलित संयोजन
· भक्तों, छात्रों, अध्येताओं और सामान्य पाठकों सभी के लिए उत्कृष्ट
· धार्मिक अध्ययन, शोध और आध्यात्मिक साधना के लिए आदर्श ग्रंथ
क्यों खरीदें ISKCON / BBT Edition का MAHABHARAT?
यह पुस्तक आपको केवल घटनाओं की कथा नहीं देती, बल्कि यह जीवन के हर क्षेत्र—धर्म, न्याय, संबंध, नेतृत्व, भक्ति और कर्तव्य—में प्रकाश डालती है।
- Length
- 21
- Width
- 10.5
- Weight
- 0.73
- Height
- 0.6
- Pages
- 1162
