RAJ VIDYA
Raj Vidya
· सभी ज्ञानों के राजा — भक्तियोग का सरल हिंदी विवेचन
· Raj Vidya — श्रील प्रभुपाद की प्रामाणिक हिंदी पुस्तक
· भगवद गीता के नौवें अध्याय पर आधारित प्रवचन-संकलन
· 'Raja Vidya: The King of Knowledge' का BBT हिंदी अनुवाद
· नए साधकों से लेकर अनुभवी भक्तों तक — सभी के लिए उपयोगी
· छोटा आकार — यात्रा, मंदिर और घर हर जगह पढ़ने योग्य
· ISKCON मायापुर स्टोर से प्रामाणिक BBT संस्करण
· मूल्य: ₹45 | पृष्ठ: 152 | भाषा: हिंदी
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Title : RAJ VIDYA
Language : HINDI
Author : HIS DIVINE GRACE A.C. BHAKTIVEDANTA SWAMI PRABHUPADA
Binding : PAPERBACK
ISBN: 9789382176589
Publisher : THE BHAKTIVEDANTA BOOK TRUST
Edition : FIRST
Pages : 152
Product Dimensions : 18 cm x 12 cm x 1.1 cm
Product Weight : 0.104 kg
राज विद्या – Raj Vidya | श्रील प्रभुपाद की हिंदी पुस्तक | ISKCON मायापुर
भगवद गीता के नौवें अध्याय में भगवान श्रीकृष्ण ने एक ज्ञान को सभी ज्ञानों का राजा कहा है — वह है भक्तियोग का ज्ञान। Raj Vidya श्रील अभयचरणारविंद भक्तिवेदांत स्वामी प्रभुपाद की वह हिंदी पुस्तक है जो इसी राजविद्या को सरल, स्पष्ट और हृदयग्राही भाषा में प्रस्तुत करती है। जो पाठक भगवद गीता के गहन दर्शन को आसान शब्दों में समझना चाहते हैं, उनके लिए यह पुस्तक एक सीधा और विश्वसनीय मार्गदर्शक है।
यह पुस्तक किसी संप्रदाय विशेष के लिए नहीं लिखी गई। यह हर उस व्यक्ति के लिए है जो जीवन में किसी उच्चतर सत्य की तलाश में है — चाहे वह नया साधक हो, जिज्ञासु युवा हो, या कोई अनुभवी भक्त जो अपनी समझ को और गहरा करना चाहता हो।
Raj Vidya – इस पुस्तक में क्या है
Raj Vidya मूलतः श्रील प्रभुपाद की अंग्रेजी रचना 'Raja Vidya: The King of Knowledge' का हिंदी अनुवाद है, जिसे भक्तिवेदांत बुक ट्रस्ट (BBT) ने प्रकाशित किया है। इस 152 पृष्ठों की पुस्तक में भगवद गीता के नौवें अध्याय पर आधारित प्रवचनों का संकलन है। इसमें बताया गया है कि ज्ञान, विज्ञान, योग और तप — इन सबमें भक्तियोग ही सर्वश्रेष्ठ क्यों है। श्रीकृष्ण को जानना, उनसे प्रेम करना और उनकी सेवा करना — यही वह राजविद्या है जो जीव को जन्म-मृत्यु के बंधन से मुक्त करती है।
किसके लिए उपयोगी है यह पुस्तक
जो पाठक पहली बार वैष्णव दर्शन से परिचित हो रहे हैं, उनके लिए Raj Vidya एक आदर्श प्रवेश-द्वार है। भगवद गीता जैसे विशाल ग्रंथ को पहली बार पढ़ना कठिन लग सकता है — लेकिन राज विद्या उसी सार को एक सुलभ रूप में प्रस्तुत करती है। साथ ही अनुभवी भक्त भी इसे बार-बार पढ़कर भक्तियोग की गहराई को नए आयाम में समझ सकते हैं। इसका छोटा आकार और सरल भाषा इसे यात्रा में, मंदिर में, या सोने से पहले पढ़ने के लिए एकदम उपयुक्त बनाती है।
ISKCON मायापुर स्टोर से खरीदें – Raj Vidya का प्रामाणिक BBT संस्करण
mayapur.store ISKCON मायापुर का आधिकारिक स्टोर है — वही पावन धाम जहाँ श्री चैतन्य महाप्रभु का जन्म हुआ था और जहाँ से गौड़ीय वैष्णव परंपरा की धारा पूरे विश्व में फैली। यहाँ से खरीदी गई प्रत्येक पुस्तक BBT का प्रामाणिक संस्करण है — सही अनुवाद, टिकाऊ बाइंडिंग, और देवभाषा संस्कृत श्लोकों की सटीक प्रस्तुति के साथ।
मूल्य: ₹45 | पृष्ठ: 152 | भाषा: हिंदी | प्रकाशक: BBT। अभी ऑर्डर करें और Raj Vidya को अपने घर ले आएं — वह ज्ञान जिसे स्वयं श्रीकृष्ण ने सर्वोच्च कहा है।
- Author
- HIS DIVINE GRACE A.C. BHAKTIVEDANTA SWAMI PRABHUPADA
- Language
- HINDI
- Pages
- 152

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